वाराणसी: प्रधानमंत्री के संसदीय क्षेत्र वाराणसी का सांस्कृतिक केंद्र आज उस समय रणक्षेत्र में तब्दील हो गया, जब ठगी का शिकार हुए सैकड़ों पीड़ित निवेशक कबीर चौरा रोड स्थित नागरी नाटक मंडली में चल रहे एक हाई-प्रोफाइल कार्यक्रम में सीधे घुस गए। मौका था ‘मेडलियन ज्वैलर्स प्राइवेट लिमिटेड’ (Medallion Jewellers Pvt. Ltd.) के छठे स्थापना दिवस समारोह का। लेकिन जश्न की जगह वहां जमकर नारेबाजी, अफरा-तफरी और हंगामा शुरू हो गया। स्थिति बिगड़ती देख भारी पुलिस बल मौके पर पहुंचा और कार्यक्रम के आयोजकों को मंच से उठाकर सीधे हिरासत में ले लिया।
‘100 रुपये लगाओ, 20 महीने में डबल पाओ’: ठगी का ऐसा था मायाजाल
प्रदर्शन कर रहे देश भर के पीड़ितों ने डीएनए रिपब्लिक के सामने कंपनी के काम करने के तौर-तरीकों का बड़ा खुलासा किया।
- अव्यावहारिक वादे: कंपनी का मुख्य दावा था कि ₹100 के निवेश को महज 20 महीने में दोगुना कर दिया जाएगा।
- नेटवर्क मार्केटिंग और चेन सिस्टम: साल 2020 में पंजीकृत हुई इस कंपनी ने शुद्ध रूप से एक ‘पोंजी स्कीम’ (Ponzi Scheme) और चेन सिस्टम चलाया। पुराने निवेशकों को लालच देकर नए लोगों को फंसाने की जिम्मेदारी दी जाती थी।
- थाईलैंड ट्रिप और सोने का लालच: निवेशकों को आकर्षित करने के लिए 10 से 20 महीने में शुद्ध सोना देने और ‘थाईलैंड’ जैसी विदेशी यात्राओं के मुफ्त पैकेज बांटे जाते थे।
शुरुआती दिनों में कुछ लोगों को समय पर कैशबैक और भुगतान दिया गया ताकि बाजार में अंधाधुंध भरोसा जीता जा सके। जैसे ही करोड़ों की पूंजी इकट्ठा हुई, कंपनी ने अचानक भुगतान रोकना शुरू कर दिया।
“90 लाख रुपये डूबे, मांगने पर मिली धमकी” – पीड़ित सत्य कुमार
इस महाघोटाले के खिलाफ मोर्चा खोलने वाले पीड़ित निवेशक सत्य कुमार भगवान सिंह राठौर ने डीएनए रिपब्लिक को अपनी आपबीती सुनाई। उन्होंने बताया:
“मुझे सोशल मीडिया के जरिए पता चला था कि यह कंपनी वाराणसी में अपना स्थापना दिवस मनाकर नए शिकार ढूंढने आ रही है। मैंने तुरंत यहां पहुंचकर पुलिस को लिखित शिकायत दी। मेरा खुद का ₹11 लाख और मेरी पूरी टीम का मिलाकर करीब ₹90 लाख का मूलधन इस कंपनी में फंसा हुआ है। जब भी हमने कंपनी के मुख्य संचालक सत्यजीत से अपना पैसा मांगा, हमें सिर्फ टालमटोल और गंभीर धमकियां मिलीं।”
सत्य कुमार ने यह भी आरोप लगाया कि मुख्य आरोपी सत्यजीत विरोध और पुलिसिया कार्रवाई की भनक लगते ही कार्यक्रम स्थल पर नहीं पहुंचा और अपने छोटे प्यादों को आगे कर दिया।
पुलिस एक्शन: आयोजक हिरासत में, जांच शुरू
मौके पर तैनात पुलिस अधिकारियों ने डीएनए रिपब्लिक को बताया कि पिछले कई दिनों से इस कंपनी के खिलाफ अलग-अलग राज्यों और जिलों से लगातार शिकायतें मिल रही थीं।
“हमें जैसे ही नागरी नाटक मंडली में इनके कार्यक्रम की सूचना मिली, पुलिस टीम अलर्ट मोड पर आ गई। मौके पर कई पीड़ितों ने लिखित तहरीर दी है। वर्तमान में कार्यक्रम के आयोजकों को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया गया है। कंपनी के सभी बैंक खातों, रजिस्ट्रेशन दस्तावेजों और डिजिटल रिकॉर्ड्स (वेबसाइट लॉगिन) की गहनता से पड़ताल की जा रही है। साक्ष्यों के आधार पर सख्त विधिक कार्रवाई की जाएगी।”
नोट: इस पूरे मामले पर जब डीएनए रिपब्लिक ने ‘मेडलियन ज्वैलर्स प्राइवेट लिमिटेड’ के प्रबंधन से संपर्क करने की कोशिश की, तो उनकी तरफ से समाचार लिखे जाने तक कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया या स्पष्टीकरण सामने नहीं आया है।
DNA Republic की पाठकों से अपील (एक्सपर्ट ओपिनियन)
वित्तीय मामलों के विशेषज्ञों का कहना है कि कम समय में ‘पैसा दोगुना’ करने, बिना किसी ठोस आधार के भारी कैशबैक देने या नेटवर्क मार्केटिंग के जरिए रातोंरात अमीर बनाने वाली योजनाएं पूरी तरह से जोखिम भरी और अवैध होती हैं। किसी भी कंपनी में अपनी गाढ़ी कमाई लगाने से पहले उसकी वैधानिक स्थिति, RBI या SEBI की गाइडलाइंस और उनके पैन/जीएसटी पंजीकरण की जांच अवश्य करें। सतर्क रहें, ठगों से बचें।















